दाँतों की इनेमल परत को नुकसान पहुँचाने वाली सुबह की 3 आदतें
सुबह की आपकी दिनचर्या का आपके दाँतों की सेहत पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है। रोज सुबह ब्रश करना दाँतों को स्वस्थ रखने के लिए ज़रूरी है, लेकिन कुछ ऐसी आम आदतें भी हैं जो समय के साथ दाँतों की बाहरी सुरक्षात्मक परत यानी इनेमल को नुकसान पहुँचा सकती हैं।
आइए जानते हैं सुबह की ऐसी 3 आदतों के बारे में, जो अनजाने में आपके दाँतों को नुकसान पहुँचा सकती हैं।
1. दाँतों को बहुत ज़ोर से ब्रश करना
कई लोगों को लगता है कि जितना ज़ोर से ब्रश करेंगे, दाँत उतने ही साफ होंगे। लेकिन ऐसा नहीं है। बहुत ज़ोर से ब्रश करने से समय के साथ इनेमल घिस सकता है और मसूड़ों में जलन या उनके पीछे हटने की समस्या हो सकती है।
* मुलायम ब्रिसल वाले टूथब्रश का इस्तेमाल करें।
* हल्के हाथों से गोलाकार गति में ब्रश करें।
* दिन में दो बार, लगभग दो मिनट तक ब्रश करें।
* ब्रश करते समय दाँतों और मसूड़ों पर अनावश्यक दबाव न डालें।
2. खट्टी चीज़ें खाने या पीने के तुरंत बाद ब्रश करना
सुबह नींबू पानी, संतरे का जूस और अन्य खट्टे खाद्य पदार्थों या पेय पदार्थों का सेवन करने से मुँह में एसिड का स्तर बढ़ सकता है। इससे दाँतों की इनेमल परत कुछ समय के लिए नरम हो सकती है।
ऐसे में तुरंत ब्रश करने से इनेमल के घिसने का खतरा बढ़ सकता है।
* खट्टे खाद्य पदार्थ या पेय लेने के बाद मुँह को सादे पानी से कुल्ला करें।
* ब्रश करने से पहले लगभग 30–60 मिनट तक इंतज़ार करें।
* रोज़ाना खट्टे पेय पदार्थों का बार-बार सेवन करने से बचें।
3. सुबह मीठे या एसिड वाले पेय पदार्थ बार-बार पीना
चीनी वाली चाय, पैकेट वाले जूस, एनर्जी ड्रिंक्स और अन्य मीठे या एसिड वाले पेय पदार्थ दाँतों को नुकसान पहुँचा सकते हैं।
मुँह में मौजूद बैक्टीरिया चीनी का उपयोग करके एसिड बनाते हैं, जो दाँतों में कैविटी पैदा कर सकता है। वहीं, एसिड वाले पेय इनेमल को घिसने में योगदान दे सकते हैं।
* सुबह पानी पीने की आदत डालें।
* मीठे और एसिड वाले पेय पदार्थों का सेवन सीमित रखें।
* ऐसे पेय पदार्थों को लंबे समय तक थोड़ा-थोड़ा करके पीने से बचें।
* पेय पीने के बाद सादे पानी से कुल्ला करें।
अपने दाँतों की इनेमल परत को कैसे सुरक्षित रखें?
इनेमल दाँतों की बाहरी कठोर परत होती है, जो अंदरूनी हिस्सों को सुरक्षित रखने में मदद करती है। एक बार इनेमल काफी मात्रा में घिस जाए, तो वह प्राकृतिक रूप से दोबारा नहीं बनता। इसलिए इसकी सुरक्षा करना बेहद ज़रूरी है।
दाँतों को स्वस्थ रखने के लिए:
* दिन में दो बार फ्लोराइड युक्त टूथपेस्ट से ब्रश करें।
* मुलायम टूथब्रश का इस्तेमाल करें।
* खट्टे खाद्य पदार्थों के तुरंत बाद ब्रश न करें।
* मीठे खाद्य पदार्थों और पेय पदार्थों का सेवन सीमित करें।
* नियमित रूप से डेंटिस्ट से दाँतों की जाँच करवाएँ।
स्वस्थ मुस्कान के लिए केवल ब्रश करना ही नहीं, बल्कि सही तरीके से ब्रश करना और इनेमल की सुरक्षा करना भी ज़रूरी है।
सुबह की छोटी-छोटी आदतों में बदलाव करके आप अपने दाँतों को लंबे समय तक स्वस्थ रखने में मदद कर सकते हैं।
यदि आपको दाँतों में संवेदनशीलता, मसूड़ों के पीछे हटने या इनेमल घिसने के लक्षण दिखाई दें, तो डेंटिस्ट से सलाह लें।
आज ही अपने दाँतों की देखभाल शुरू करें, ताकि आपकी मुस्कान लंबे समय तक स्वस्थ बनी रहे।